स्टेट हेड ब्यूरो चीफ : भूदेव प्रेमी
बदायूँ, उत्तर प्रदेश सरकार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश के निर्यात को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। सरकार का लक्ष्य है कि हर जनपद को पोटेंशियल एक्सपोर्ट हब के रूप में विकसित किया जाए ताकि स्थानीय उद्योग, हस्तशिल्प और उत्पाद वैश्विक बाजार तक पहुँच सकें।सरकार द्वारा निर्यातकों को वित्तीय सहायता, लॉजिस्टिक सुविधा, मार्केटिंग सपोर्ट और हैंड होल्डिंग सपोर्ट दिया जा रहा है। प्रत्येक जिले में निर्यात प्रोत्साहन समिति सक्रिय है, जो स्थानीय उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुसार मदद और मार्गदर्शन प्रदान कर रही है।राज्य सरकार ने नई निर्यात नीति 2025–2030 बनाने की दिशा में भी कदम बढ़ाए हैं। इसके लिए निर्यातकों, संघों और विशेषज्ञों के साथ विशेष संवाद सत्र आयोजित किया गया। इस दौरान निर्यात को बढ़ावा देने वाले उद्यमियों को सम्मानित भी किया गया।सरकार ने विपणन सहायता, माल भाड़ा अनुदान और वायुयान भाड़ा युक्तिकरण योजनाओं को पूरी तरह ऑनलाइन और पारदर्शी बना दिया है। साथ ही, ट्रेड प्रमोशन सेंटर लखनऊ में स्थापित किया जा रहा है, जिससे निर्यातकों को प्रशिक्षण और बाजार की जानकारी एक ही जगह मिल सके।प्रदेश में UP इंटरनेशनल ट्रेड शो 2024 का आयोजन ग्रेटर नोएडा में किया गया, जिसमें 2000 उद्यमियों ने अपने उत्पाद प्रदर्शित किए। इस आयोजन में 70 से अधिक देशों के 500 विदेशी खरीदारों से निर्यातकों की सीधी बातचीत हुई और कई निर्यात ऑर्डर भी मिले।इसके अलावा, भारत टेक्स 2024 इंटरनेशनल ट्रेड शो (नई दिल्ली) में उत्तर प्रदेश ने पार्टनर स्टेट के रूप में भाग लिया, जहाँ वस्त्र, हस्तशिल्प और कारपेट क्षेत्र के निर्यातकों ने अपने उत्पादों का प्रदर्शन किया।प्रदेश सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है —👉 स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाना👉 निर्यात से रोजगार के अवसर बढ़ाना👉 प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना– इंडिया टाइम्स 7 न्यूज़🖋️