रिपोर्ट अशोक कुमार
शाहजहाँपुर । रोजा थाना क्षेत्र में पिता ने 4 बच्चों की सोते वक्त हत्या करने के बाद खुद फांसी पर लटककर आत्महत्या कर ली । वारदात के समय पत्नी मौजूद नही थी , वह मायके में थी । बच्चों की इतनी निर्ममता से हत्या की थी कि उनके शव देखकर पुलिस वाले भी सहम गए । पूरा कमरा खून से तरबतर था । तीन बेटियों और एक बेटे का शव चारपाई पर पड़ा था । सभी की गर्दने कटी हुई थीं । पास में ही कत्ल ए औजार रखा हुआ था। उसी कमरे में एक फंदे पर पिता का शव भी लटका हुआ था । यह दुर्दान्त घटना रोजा थाना क्षेत्र के मानपुर चकरी गोटिया गांव की है एसपी सिटी देवेंद्र सिंह के अनुसार पिता का नाम राजीव कुमार है पिता ने बेटी स्मृति (12) कीर्ति (9) और प्रगति (7) और बेटे रिषभ (11) की सोते वक्त हत्या कर दी है फिर खुदकुशी कर ली । कारण अभी ज्ञात नहीं है सभी शवों को पंचनामा भरकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है फोरेंसिक टीम ने कमरे की जांच कर नमूने ,सबूत जुटा लिए हैं घटना के वक्त घर में पिता और 4 बच्चे ही मौजूद थे । मृतक बच्चों के बाबा पृथ्वीराज ने पुलिस को बताया कि वह घर से थोड़ी दूर खेत में रहता था । गुरुवार सुबह करीब 6 बजे जब चाय देने घर पहुँचे ,तो किबाड़ अंदर से बंद थे । काफी देर तक पुकारने के बाद भी गेट नहीं खुला । तब पड़ोसियों को बुलाकर शौचालय की दीवार फांदकर अन्दर गया ,तो कमरे में चारों तरफ खून ही खून फैला हुआ था । चारों बच्चों की खून से लथपथ लाशें चारपाई पर पड़ी हुई थीं । जबकि राजीव फंदे पर लटका हुआ था । उन्होंने बताया कि बहू एक दिन पहले ही मायके गई थी । पिता पृथ्वीराज ने बताया कि एक साल पहले राजीव का एक्सीडेंट हो गया था । इसमें सिर के पिछले हिस्से में गंभीर चोट आने से उसका मानसिक संतुलन अनियंत्रित हो गया था । बीच बीच में दौरे भी आ जाते थे । जब तब वह अपना आपा खो देता था । लेकिन ऐसी भयावह घटना कर देगा, इसका अंदाजा किसी को भी नहीं था । पड़ोसियों ने बताया कि राजीव की 14 साल पहले क्रांति से शादी हुई थी । पहले वह मेहनत मजदूरी कर जीवन चलाता था । एक्सीडेंट के बाद मानसिक स्थिति ठीक नही होने के कारण बीते एक साल से कोई कामधाम नही करता था । घर पर ही पड़ा रहता था । पिता पृथ्वीराज के पास मात्र 4 बीघा पट्टे की जमीन से घर की गुजार बसर होती थी । आर्थिक कमजोरियों के कारण जब तब पत्नी से घरेलू कलह होती रहती थी । बुधवार को भी झगड़ा हुआ ,तो पत्नी बच्चों को छोड़ अपने मायके चली गई थी ।पृथ्वीराज ने बताया कि राजीव पाँच बेटों में सबसे बड़ा था । दूसरे और तीसरे नंबर के भाई संजीव और राजन पास के ही दूसरे मकान में रहते हैं चौथे नंबर का भाई कुलदीप शहर में काम कर जीवनयापन करता है जबकि सबसे छोटा बेटा अंकित बीमारी के कारण डेढ़ साल पहले मर चुका है राजीव की मां की भी दो साल पहले मौत हो चुकी है एसपी सिटी योगेंद्र ने बताया कि हत्या के बाद खुदकशी का मामला लगता है फोरेंसिक टीम ने जांच कर हत्या में इस्तेमाल बांका बरामद कर लिया है पूछताछ में पता चला है कि हत्यारोपी राजीव की मानसिक स्थिति उसके एक्सीडेंट के बाद ठीक नहीं थी । बच्चों की मां को खबर कर दी गई है मामले की गहराई से जांच कर कानूनी कार्यवाही की जा रही है ।