अयोध्या – संदिग्ध हालत में लापता खंडासा थाना क्षेत्र के ग्राम खानपुर निवासी युवक शुभम रावत का शव पांच दिन बाद सरयू नदी से बरामद हुआ है। मामले में परिवार की आशंका सच साबित हुई।युवक ने आत्महत्या नहीं की थी अथवा हादसे का शिकार नहीं हुआ था बल्कि उसकी हत्या कर शव को नदी में फेंका गया था।पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हेड इंजरी के चलते मौत सामने आई है और उसके सर में धारदार हथियार के चार-पांच घाव मिले हैं।शव मिलने के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है।अपने घर से 26 दिसंबर को ड्योढ़ी बाजार जाने की बात कहकर निकला शुभम (21 वर्ष) पुत्र आशाराम 26 दिसंबर की देर शाम तक घर वापस नहीं लौटा तो तलाश व छानबीन के बाद उसकी बाइक पंपिंग स्टेशन के पास लावारिश हाल में मिली थी। प्रकरण में परिवार ने 27 दिसंबर को रौनाही पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कराई थी।छानबीन में पता चला था कि वह अपने दो दोस्त से मिला था।परिवार ने हत्या कर शव को छिपाने का आरोप लगाया था,लेकिन पुलिस दोनों युवकों से पूछताछ में युवकों के कथन कि रौनाही पंपिंग स्टेशन पर मुलाकात के दौरान शुभम किसी से फोन पर बात कर रहा था और फिर अचानक उसने नदी में छलांग लगा दी,के आधार पर शव की तलाश में जुटी थी। एसडीआरएफ की टीम ने बुधवार को सरयू नदी से शव को बरामद किया और पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया था।शुभम की फरवरी माह में शादी होनी थी और घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं।शव मिलने की खबर के बाद परिवार में कोहराम मच गया है।पोस्टमार्टम में मृतक के सिर पर धारदार हथियार से वार के गहरे निशान मिले हैं।वार के चलते उसकी ब्रेन हैमरेज से मौत हो गई।प्रभारी निरीक्षक लालचंद सरोज ने बताया कि पोस्टमार्टम कराया गया है।पीएम रिपोर्ट के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।