रिपोर्ट अवनीश कुमार
मैनपुरी सुदिती ग्लोबल एकेडमी अंतर्राष्ट्रीय परिवार दिवस के उपलक्ष्य में एक चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न कक्षाओं के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस आयोजन का उद्देश्य छात्रों में पारिवारिक मूल्यों की समझ विकसित करना और उनमें भावनात्मक जुड़ाव, एकता तथा सहयोग की भावना को प्रबल करना था।कार्यक्रम की शुरुआत प्रातःकालीन सभा में विद्यालय के प्रबंध निदेशक डॉ. लव मोहन के प्रेरणादायी उद्बोधन से हुई। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, “परिवार केवल खून का रिश्ता नहीं होता, बल्कि यह एक ऐसा आधार है, जो व्यक्ति को आत्मबल, संस्कार, सहिष्णुता और सामाजिक जिम्मेदारी प्रदान करता है।‘‘ उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे अपने परिवार के साथ गुणवत्तापूर्ण समय बिताएं और अपने माता-पिता व दादा-दादी के अनुभवों से सीखें।प्रतियोगिता में बच्चों ने परिवार की भूमिका, प्यार, अपनापन और सहयोग जैसे भावों को चित्रों के माध्यम से सजीव कर दिया। कुछ चित्रों में तीन पीढ़ियों का सामंजस्य दिखाया गया, तो कुछ में परिवार के दैनिक जीवन की झलक। विद्यार्थियों ने अपनी कल्पनाशक्ति और रंगों की मदद से यह दर्शाया कि परिवार जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। विद्यालय प्रांगण रंग-बिरंगे चित्रों से सजीव हो उठा।सुदिती ग्लोबल एकेडमी सदैव से ही बालकों के सर्वांगीण विकास को प्राथमिकता देता है। यहाँ न केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जाती है, बल्कि छात्रों को मानवीय मूल्यों, सांस्कृतिक चेतना और समाज के प्रति उत्तरदायित्व की भावना से भी परिचित कराया जाता है। विद्यालय द्वारा समय-समय पर आयोजित की जाने वाली सह-पाठ्यक्रम गतिविधियाँ छात्रों में रचनात्मकता, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता को प्रोत्साहित करती हैं।विद्यालय के सभी शिक्षकगणों ने छात्रों की प्रतिभा की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ बच्चों को व्यक्तित्व विकास की ओर अग्रसर करती हैं। प्रतियोगिता के विजेताओं की घोषणा जल्द ही की जाएगी और उन्हें सम्मानित भी किया जाएगा।सुदिती ग्लोबल एकेडमी का यह आयोजन एक सुंदर उदाहरण है कि किस प्रकार शिक्षा संस्थान बालकों को ज्ञान के साथ-साथ सामाजिक मूल्यों की शिक्षा देकर उन्हें एक बेहतर नागरिक बनाने का कार्य कर सकते हैं। अंतर्राष्ट्रीय परिवार दिवस पर यह आयोजन न केवल रंगों का उत्सव था, बल्कि भावनाओं का भी एक जीवंत चित्र था।